• जैनकोष
    जैनकोष
  • Menu
  • Main page
    • Home
    • Dictionary
    • Literature
    • Kaavya Kosh
    • Study Material
    • Audio
    • Video
    • Online Classes
    • Home
    • Dictionary
    • Literature
    • Kaavya Kosh
    • Study Material
    • Audio
    • Video
    • Online Classes
    • What links here
    • Related changes
    • Special pages
    • Printable version
    • Permanent link
    • Page information
    • Recent changes
    • Help
    • Create account
    • Log in

जैन शब्दों का अर्थ जानने के लिए किसी भी शब्द को नीचे दिए गए स्थान पर हिंदी में लिखें एवं सर्च करें

 Actions
  • ग्रन्थ
  • Discussion
  • View source
  • View history

ग्रन्थ

ग्रन्थ:पंचास्तिकाय संग्रह-सूत्र - गाथा 37 - तात्पर्य-वृत्ति

From जैनकोष



कम्माणं फलमेक्को एक्को कज्जं तु णाणमथमेक्को । (37)

वेदयदि जीवरासी चेदगभावेण तिविहेण ॥38॥

अर्थ: 

तीन प्रकार के चेतक-भाव द्वारा एक जीव-राशि कर्मों के फल को, एक जीव-राशि कार्य को और एक जीव-राशि ज्ञान को चेतती है / वेदती है ।

तात्पर्य-वृत्ति हिंदी : 

अब तीन प्रकार की चेतना के व्याख्यान का प्रतिपादन करते हैं --

[कम्माणं फलमेक्को चेदगभावेण वेदयदि जीवरासी] निर्मल शुद्धात्मानुभूति के अभाव से उपार्जित प्रकृष्टतर मोह से मलीमस चेतक-भाव द्वारा प्रच्छादित सामर्थ्य-वाली होती हुई, स्व सामर्थ्य को प्रगट नहीं करती हुई, एक जीवराशि कर्मफल का वेदन करती है; [एक्को कज्जं तु] एक उसी चेतन भाव से सामर्थ्य प्रगट हो जाने के कारण इच्छापूर्वक इष्ट-अनिष्ट विकल्परूप कर्म / कार्य का वेदन करती है / अनुभव करती है; [णाणमथमेक्को] तथा एक जीवराशि उसी चेतक भाव से विशुद्ध शुद्धात्मानुभूति की भावना (तद्रूप परिणमन) द्वारा कर्मकलंक को नष्ट कर देने के कारण केवलज्ञान का अनुभव करती है । कितनी संख्या से सहित उस पूर्वोक्त चेतकभाव द्वारा अनुभव करती है ? [तिविहेण] कर्मफल, कर्म / कार्य और ज्ञानरूप से तीनप्रकार के चेतकभाव द्वारा अनुभव करती है ॥३८॥

पूर्व पृष्ठ

अगला पृष्ठ

इसी गाथा की समय-व्याख्या टीका

तात्पर्य-वृत्ति अनुक्रमणिका

Retrieved from "https://www.jainkosh.org/w/index.php?title=ग्रन्थ:पंचास्तिकाय_संग्रह-सूत्र_-_गाथा_37_-_तात्पर्य-वृत्ति&oldid=115682"
JainKosh

जैनकोष याने जैन आगम का डिजिटल ख़जाना ।

यहाँ जैन धर्म के आगम, नोट्स, शब्दकोष, ऑडियो, विडियो, पाठ, स्तोत्र, भक्तियाँ आदि सब कुछ डिजिटली उपलब्ध हैं |

Quick Links

  • Home
  • Dictionary
  • Literature
  • Kaavya Kosh
  • Study Material
  • Audio
  • Video
  • Online Classes

Other Links

  • This page was last edited on 30 June 2023, at 13:26.
  • Privacy policy
  • About जैनकोष
  • Disclaimers
© Copyright Jainkosh. All Rights Reserved
  • Powered by MediaWiki